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डॉक्टर्स बताते हैं, बच्चों में डेंगू के गंभीर रूप लेने का खतरा अधिक हो सकता है, सभी लोगों को सुरक्षात्मक उपायों को लेकर सावधानी बरतनी चाहिए। अस्पताल से मिल रही जानकारियों के मुताबिक पिछले एक महीने में डेंगू के साथ-साथ मलेरिया के भी केस में बढ़ोतरी देखी गई है। ये दोनों ही रोग कुछ स्थितियों में गंभीर जोखिम कारक हो सकते हैं।
नेशनल सेंटर फॉर वेक्टर बोर्न डिजीज कंट्रोल (एनसीवीबीडीसी) के अनुसार, इस साल सितंबर के मध्य तक दिल्ली में डेंगू के 5,000 से अधिक मामले सामने आए थे। यह पिछले सालों में इसी अवधि के दौरान आए डेंगू के मामलों से कहीं अधिक है। हालांकि दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) ने दिल्ली में डेंगू को लेकर हालिया कोई रिपोर्ट जारी नहीं की है। आखिरी आधिकारिक रिपोर्ट अगस्त के पहले महीने में आई थी। सितंबर-अक्तूबर के महीने में दिल्ली में डेंगू के साथ मलेरिया के मरीज भी बढ़ रहे हैं, इस दौरान 352 केस रिपोर्ट किए गए हैं।
इन दोनों रोगों के कई लक्षण एक तरह के ही होते हैं, आइए जानते हैं कि कैसे जानें कि आपको डेंगू की समस्या है या फिर मलेरिया की?
अमर उजाला से बातचीत में ग्रेटर नोएडा स्थित अस्पताल में इंटेंसिव केयर युनिट के विशेषज्ञ डॉ श्रेय श्रीवास्तव कहते हैं, डेंगू के ज्यादातर मामले एसिम्टोमेटिक देखे जा रहे हैं, चार में से केवल एक मामले ऐसे हैं जिनमें लक्षण दिख रहे हैं। गंभीर संक्रमण के शिकार लोगों को सिरदर्द, उल्टी, तेज बुखार और जोड़ों में दर्द की समस्या हो सकती है। बीमारी वाले लगभग 5 प्रतिशत लोग रक्तस्रावी बुखार की समस्या जिसमें इंटरनल ब्लीडिंग और अन्य अंगों पर दुष्प्रभाव की शिकायत के साथ आ रहे हैं।
डेंगू के साथ इन दिनों मलेरिया के मामले भी बढ़े हैं, इनके लक्षण एक जैसे हो सकते हैं ऐसे में इनमें अंतर करना सभी के लिए जरूरी है।
मलेरिया और डेंगू के कुछ लक्षण समान होते हैं, इन दिनों ऐसे लक्षणों पर ध्यान देते रहना जरूरी है जिससे इसमें आसानी से अंतर किया जा सके।
डेंगू की स्थिति में अचानक तेज बुखार आने के साथ सिरदर्द, आंखों में जलन, भूख न लगने की समस्य, मसूड़ों से खून आने और त्वचा पर चकत्ते और दाने निकलने की दिक्कत हो सकती है। वहीं मलेरिया की स्थिति में बुखार के साथ ठंड लगने, उल्टी, सूखी खांसी, पसीना आने और बेहोशी की समस्या होने का खतरा रहता है।
इन दिनों अगर आप तेज बुखार की समस्या के साथ परेशान हैं तो पहले ये जानना जरूरी है कि आपको डेंगू है या मलेरिया?
मलेरिया में शाम को बुखार बढ़ने के साथ कमजोरी और ठंड लगने की दिक्कत हो सकती है जबकि डेंगू में तेज बुखार के साथ जोड़ों, मांसपेशियों में दर्द और सिरदर्द के साथ त्वचा पर चकत्ते और दाने होने लगते हैं। इन लक्षणों के साथ आप बीमारी में आसानी से अंतर कर सकते हैं। हालांकि बीमारी की पुष्टि के लिए डॉक्टर के सलाह पर ब्लड टेस्ट जरूर कराएं।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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