Health Tips: ज्यादा सोचने के हानिकारक प्रभाव

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ज्यादा सोचने का आपके स्वास्थ्य पर प्रभाव: ऑफिस का स्ट्रेस या काम का बोझ बार-बार यही देता है कि उसके दिमाग में कोई ख्याल नहीं आता। घंटे एक स्थान पर या रात में करवट बदलते कर एक ही बात पर ध्यान दिया जाता है। आपकी जो भी समस्या है उसका हल निकलेगा या नहीं, ये तो बाद में ही पता चलेगा। लेकिन ये तय माने कि आपकी इस ओवरथिंकिंग की आदत का असर आपकी सेहत पर जरूर पड़ेगा। इस आदत के मानसिक से लेकर शारीरिक तक कई तरह के प्रभाव हो सकते हैं।

भरोसे पर असर

जब भी आप किसी बात को लेकर परेशान होते हैं तो कोर्टिसोल नाम का हार्मोन जारी होता है। ये हार्मोन आपके रक्त में मौजूद शुगर को बढ़ा सकता है। आपके स्ट्रेस का ब्लड शुगर पर बड़ा प्रभाव पड़ता है। यही कारण है कि शुगर पेशेंट्स को अलग से स्ट्रेंज की सलाह भी दी जाती है।

नसों पर बुरा असर

शरीर में मौजूद नसों का पूरा सिस्टम मैसेजिंग का काम करता है। बहुत ज्यादा सोच विचार करने से या तनाव में रहने से नसों में वही मैसेज पास होता है। जिसका प्रभाव दिल और सांस लेने की स्थिति पर पड़ता है। यही कारण होता है कि स्ट्रेस के शिकार लोग आसानी से स्ट्रेस का शिकार होते हैं या फिर आघात का शिकार होते हैं।

दिल पर असर

अगर आपका स्ट्रेस लेने की आदत बनी रहती है तो ब्लड प्रेशर भी सामान्य नहीं रहता है। बार-बार ब्लड प्रेशर बढ़ा हुआ रहता है। इसकी वजह से आर्टरी में सूजन आ सकती है। जिस से दिल को नुकसान होने का खतरा भी बढ़ जाता है। इसलिए ये ध्यान रखें कि ज्यादा पोस्ट ऑफिस सिर्फ मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित नहीं करता है इसके फिजिकल हेल्थ पर भी बुरे प्रभाव पड़ते हैं।

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Umesh Solanki

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